Login
Lorem ipsum dolor sit amet, consectetur adipiscing elit. Morbi adipiscing gravdio, sit amet suscipit risus ultrices eu. Fusce viverra neque at purus laoreet consequa. Vivamus vulputate posuere nisl quis consequat.
Create an accountLost your password? Please enter your username and email address. You will receive a link to create a new password via email.
World Toilet Day 2022: दिन में à¤à¤• बार या दो बार? आपको कितनी बार टॉयलेट जाना चाहिà¤?
Toilet Day: टॉयलेट मà¥à¤–à¥à¤¯ रूप से दो कामों के लिठजाया जाता है. पहला है मल तà¥à¤¯à¤¾à¤—ने के लिठऔर दूसरा पेशाब करने के लिà¤. आइठआप जानेंगे की दिन में कितनी बार टॉयलेट जाना आपके लिठचिंता का विषय नहीं है.
World Toilet Day 2022: 19 नवंबर को वरà¥à¤²à¥à¤¡ टॉयलेट डे मनाया जाता है. वरà¥à¤²à¥à¤¡ टॉयलेट डे मनाने का मà¥à¤–à¥â€à¤¯ उदà¥à¤¦à¥‡à¤¶à¥â€à¤¯ लोगों को खà¥à¤²à¥‡ में शौच करने से रोकना है. सिंगापà¥à¤° के रहने वाले जैक सिम ने 19 नवंबर 2001 को वरà¥à¤²à¥â€à¤¡ टॉयलेट ऑरà¥à¤—ेनाइजेशन की सà¥à¤¥à¤¾à¤ªà¤¨à¤¾ की थी. जिसके बाद वरà¥à¤· 2013 में संयà¥à¤•à¥à¤¤ राषà¥à¤Ÿà¥à¤° संगठन ने इसे ऑफिशियल तौर पर मनाने की घोषणा की. आप à¤à¥€ दिन में कई बार टॉयलेट जाते होंगे, लेकिन कà¥à¤¯à¤¾ आपको मालूम है कि दिन में कितनी बार टॉयलेट जाना चाहिà¤? जरूरत से जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ या कम बार टॉयलेट जाना à¤à¥€ आपके शरीर को नà¥à¤•सान पहà¥à¤‚चा सकता है. à¤à¤¸à¥‡ में सवाल उठता है कि दिन में कितनी बार टॉयलेट जाना आम बात होती है? चलिठआज हम आपको इसका जवाब बताते हैं.
कितनी बार टॉयलेट जाना आम है
टॉयलेट मà¥à¤–à¥à¤¯ रूप से दो कामों के लिठजाया जाता है. पहला है मल तà¥à¤¯à¤¾à¤—ने के लिठऔर दूसरा पेशाब करने के लिà¤. अगर बात पेशाब की करें तो टॉयलेट जाना इस बार पर निरà¥à¤à¤° करता है कि आप दिन à¤à¤° में कितना पेय पदारà¥à¤¥ लेते हैं. टॉयलेट आना डà¥à¤°à¤¿à¤‚क के साथ-साथ बॉडी साइज, à¤à¤•à¥à¤¸à¤°à¤¸à¤¾à¤‡à¤œ, हाईडà¥à¤°à¥‡à¤¶à¤¨ लेवल, दिनà¤à¤° की à¤à¤•à¥à¤Ÿà¤¿à¤µà¤¿à¤Ÿà¥€ और आपकी मेडिकल कंडीशन (बीमारी, पà¥à¤°à¥‡à¤—à¥à¤¨à¥‡à¤‚सी, डायबिटीज) आदि पर à¤à¥€ निरà¥à¤à¤° करता है. बात अगर à¤à¤• सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ की करें तो à¤à¤• सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ को दिन में 6 से 8 बार टॉयलेट जाना चाहिà¤. डॉ जेनिफर शू के मà¥à¤¤à¤¾à¤¬à¤¿à¤•, à¤à¤• वà¥à¤¯à¤¸à¥à¤• आदमी हर दो से ढाई घंटे में टॉयलेट में जाता है, यानि 24 घंटे में 6-9 बार पेशाब के लिठटॉयलेट जाना आम बात होती है. इसलिठपूरे दिन में इतनी बार ही टॉयलेट जाना चाहिà¤. अगर आप इससे जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ या कम बार टॉयलेट जाते हैं तो यह धà¥à¤¯à¤¾à¤¨ देने लायक बात हो सकती है. जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ टॉयलेट जाने के लिठआपको अधिक पानी पीना चाहिà¤.
यूà¤à¤¸ नेशनल इंसà¥à¤Ÿà¥€à¤Ÿà¥à¤¯à¥‚ट ऑफ डायबिटीज और डायजेसà¥à¤Ÿà¤¿à¤µ और किडनी डिजिज के मà¥à¤¤à¤¾à¤¬à¤¿à¤•, à¤à¤• वà¥à¤¯à¤¸à¥à¤• वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ à¤à¤• दिन में दिन के समय लगà¤à¤— 1.4 लीटर यूरिन उतà¥à¤ªà¤¾à¤¦à¤¿à¤¤ करता है. हालांकि, शरीर 2 लीटर तक à¤à¥€ यूरिन पà¥à¤°à¥‹à¤¡à¥à¤¯à¥‚स करना आम बात होती है. अगर आपको लगता है कि पेशाब को लेकर किसी तरह की दिकà¥à¤•त है तो आपको तà¥à¤°à¤‚त डॉकà¥à¤Ÿà¤° को दिखाना चाहिà¤. कई लोग पेशाब लगने पर à¤à¥€ टॉयलेट नहीं जाते हैं. à¤à¤¸à¤¾ करना आपके लिठबड़ी बीमारी का कारण à¤à¥€ बन सकता है. जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ लंबे समय तक पेशाब रोककर रखने से आपके बà¥â€à¤²à¥ˆà¤¡à¤° में बैकà¥â€à¤Ÿà¥€à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ अधिक विकसित होते हैं कर यह कई पà¥à¤°à¤•ार के सà¥à¤µà¤¾à¤¸à¥à¤¥à¥à¤¯ जोखिम का कारण बन सकता है. इसके अलावा à¤à¤¸à¤¾ जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ करने कर किडनी फेल होने की संà¤à¤¾à¤µà¤¨à¤¾ à¤à¥€ बॠजाती है. इसलिठसमय समय पर पेशाब जाना बहà¥à¤¤ जरà¥à¤°à¥€ होता है.
वहीं बात अगर माल तà¥à¤¯à¤¾à¤—ने की करें तो इसके लिठà¤à¤• सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ 24 घंटे में 1 ही बार टॉयलेट जाना चाहिà¤. हालांकि, कà¥à¤› लोग दिन में 2 बार à¤à¥€ मल तà¥à¤¯à¤¾à¤—ने के लिठटॉयलेट जाते हैं, जोकि आम बात है. अगर आप इससे जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ बार मल तà¥à¤¯à¤¾à¤—ने के लिठटॉयलेट जाते हैं तो यह आपके विचारणीय हो सकता है.
| --------------------------- | --------------------------- |